देहरादून के लूसेंट, डीपीएसजी, राजा राम मोहन राय और रहमानिया स्कूल की मान्यता रद्द हो सकती है। उत्तराखंड बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ गीता खन्ना ने शिक्षा विभाग से इसकी सिफारिश की है।
उत्तराखंड राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग में एक साल का कार्यकाल पूरा करने के बाद अध्यक्ष डॉ।गीता खन्ना ने पत्रकार वार्ता की। उन्होंने बताया कि एक साल के अंदर बाल आयोग की तरफ से कई बैठकें और कार्य किए गए है। साथ ही कई मामलों में सरकार को पत्र लिखकर सजग भी किया गया है। दूसरी तरफ, बाल आयोग ने राजधानी देहरादून के चार प्रतिष्ठित स्कूलों की मान्यता रद्द करने के लिए शिक्षा विभाग को पत्र लिखा है।
आयोग की अध्यक्ष डॉ गीता खन्ना का कहना है कि इन चार स्कूलों में छात्रों के साथ अमानवीय व्यवहार किया गया है। कहीं पिटाई की गई तो कहीं पढ़ाई के साथ मजाक किया जा रहा है। जिसे देखते हुए चारों स्कूल की मान्यता रद्द करने की सिफारिश की गई है।


More Stories
पाबौ में 55 लाख की लागत से बनेगा बिडोली विद्युत उपकेंद्र
यूके पीसीएस 2024 का परिणाम जारी, जसमीत कौर ने किया टॉप
शनिवार रहा हादसों का दिन, सड़क दुर्घटनाओं में नौ की मौत